हमारे देश में गाय को हमेशा से माता का दर्जा दिया गया है। गांव हो या शहर, बहुत से घरों में आज भी गाय से जुड़ी चीज़ों को पवित्र और उपयोगी माना जाता है। इन्हीं में से एक है गऊ मूत्र। पुराने समय से इसे अमृत के समान कहा जाता रहा है। लेकिन सवाल यह है कि आखिर लोग ऐसा क्यों मानते हैं?
चलिए, इसे बिल्कुल आसान, बोल-चाल वाली भाषा में समझते हैं।
शुद्धता और पवित्रता से जुड़ा विश्वास
भारतीय परंपरा में गऊ मूत्र को शुद्धता से जोड़कर देखा जाता है। माना जाता है कि इसका उपयोग आसपास के माहौल को साफ और सकारात्मक रखने में मदद करता है। यही वजह है कि कई जगह पूजा-पाठ या घर की शुद्धि से जुड़े कामों में इसका उल्लेख मिलता है।

आयुर्वेद में भी मिलता है ज़िक्र
आयुर्वेद की पुरानी किताबों में गऊ मूत्र का ज़िक्र मिलता है। वहां इसे शरीर को संतुलित रखने वाली चीज़ के रूप में बताया गया है। गांवों में आज भी बड़े-बुजुर्ग कहते हैं कि सीमित और सही तरीके से इस्तेमाल की गई देसी चीज़ें शरीर के लिए सहायक होती हैं।
रोगों से बचाव की मान्यता
लोक मान्यताओं के अनुसार, गऊ मूत्र का उपयोग शरीर की अंदरूनी सफाई में मददगार माना जाता है। यही कारण है कि बहुत से लोग इसे रोगों से बचाव से जोड़कर देखते हैं। हालांकि, हर चीज़ की तरह इसका उपयोग भी समझदारी और जानकारी के साथ करने की सलाह दी जाती है।
पर्यावरण और खेती में उपयोग
गऊ मूत्र को सिर्फ शरीर तक ही सीमित नहीं माना जाता। देसी खेती में इसे प्राकृतिक खाद और कीट नियंत्रण के लिए इस्तेमाल किया जाता है। इससे रासायनिक चीज़ों पर निर्भरता कम करने की कोशिश की जाती है, जो पर्यावरण के लिहाज़ से अच्छा माना जाता है।

आस्था और संस्कारों से जुड़ा पक्ष
बहुत से लोगों के लिए गऊ मूत्र सिर्फ एक चीज़ नहीं, बल्कि आस्था और संस्कार का विषय है। उनका मानना है कि गाय से जुड़ी हर चीज़ में सकारात्मक ऊर्जा होती है। इसी विश्वास के चलते इसे अमृत के समान कहा जाता है।
ध्यान रखने वाली बात
यह ज़रूरी है कि किसी भी चीज़ को अपनाने से पहले पूरी जानकारी और सही सलाह ली जाए। हर इंसान का शरीर अलग होता है, इसलिए परंपरा और आधुनिक समझ—दोनों के बीच संतुलन ज़रूरी है।
आख़िरी बात
गऊ मूत्र को अमृत के समान मानने के पीछे आस्था, परंपरा और अनुभवों का बड़ा हाथ है। यह हमारी संस्कृति का हिस्सा रहा है और आज भी बहुत से लोग इसे उसी सम्मान के साथ देखते हैं।
उम्मीद है thegyantv.com पर दी गई यह जानकारी आपको सरल, समझने लायक और ज़मीन से जुड़ी लगी होगी।
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